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नाचो गाओ सब साधक समुदाय,
(तू ही तू ही...)
नाचो गाओ सब साधक समुदाय,
आज गुरुदेव जन्मदिन पुनि आय।
हम सब की उमर इन्हें लगि जाय,
युग युग जियें ऐसे साधना कराय।
पुण्य पुंज से ही सब नर तनु पाय,
पुनि पुण्य पुंज से ही सद्गुरु पाय।
Source page 237
पुण्य पुंज ही तो उर श्रद्धा उपजाय,
सच्ची श्रद्धा ही तो सच्ची साधना कराय।
मन ते तो हरि गुरु स्मरण कराय,
तन धन ते जो बने सेवा भी कराय।
भुक्ति मुक्ति डाकिनी को मुँह न लगाय,
माँगो दिव्य प्रेम नित्य सेवा बलभाय।
अश्रु निष्काम मन शुद्ध कराय,
तब दे “कृपालु” गुरु प्रेम बलभाय।।
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