कीर्तन 51–100
कीर्तन 60 · Kirtan 60
Kirtan by Jagadguru Shri Kripalu Ji Maharaj
मेरी राधे जू, मेरी राधे जू।
मेरी राधे मेरी राधे मेरी राधे मेरी, मेरी राधे जू.....।
राधे बिनु पूर्णब्रह्म श्याम आधे जू, मेरी राधे जू.....।
राधे राधे गावें वंशी स्वर साधे जू, मेरी राधे जू.....।
राधे बिनु कल नहिं पल आधे जू, मेरी राधे जू.....।
दोउ रुचि राखें लाली बनमाली जू, मेरे लाल जू.....।
मेरी प्यारी जू, मेरी प्यारी जू।
मेरी प्यारी मेरी प्यारी मेरी प्यारी मेरी, मेरी प्यारी जू.....।
प्यारी जू की हा हा खावें बनवारी जू। मेरी प्यारी जू ।
मेरी श्यामा जू, मेरी श्यामा जू।
मेरी श्यामा मेेरी श्यामा मेरी श्यामा मेरी, मेरी श्यामा जू.....।
श्यामा सँग अगनित ब्रजभामा जू, मेरी श्यामा जू.....।
हौं हुँ “कृपालु” पावूँ, सेवा श्यामा जू, मेरी श्यामा जू.....।
