कीर्तन 1–50
कीर्तन 3 · Kirtan 3
Kirtan by Jagadguru Shri Kripalu Ji Maharaj
जयति गुरु वर जयति गिरिधर, दोउ प्रानन प्यारे।
जयति गुरु वर जयति गिरिधर, दोउ प्रानन प्यारे।
जयति गुरु वर जयति गिरिधर, दोउ प्रानन प्यारे।
मेरे गुरु वर मेरे गिरिधर, मेरे प्रानन प्यारे।
मेरे गुरु वर मेरे गिरिधर, मेरे प्रानन प्यारे।
शरण गुरु वर शरण गिरिधर, करहु करु णा प्यारे।
शरण गुरु वर शरण गिरिधर, करहु करु णा प्यारे।
