Jagadguru Shri Kripalu Ji Maharaj
लीला माधुरी · पृष्ठ 633
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2कृष्ण की अनन्त शक्ति गोविंद राधे।
3लीला शक्ति कृपा शक्ति प्रमुख बता दे॥ 7310॥
4अग्नि को जाना नाहिं गोविंद राधे।
5किन्तु स्पर्श हो तो अग्नि जला दे॥ 7311॥
6जलने ते आपु ही गोविंद राधे।
7अग्नि तत्व अग्नि का ज्ञान करा दे॥ 7312॥
8ऐसे ही हरिलीला गोविंद राधे।
9बार बार सुने हरिबोध करा दे॥ 7313॥
10तजि के कुतर्क यदि गोविंद राधे।
11लीला कथा सुने श्रद्धा उपजा दे॥ 7314॥
12भोले बनि लीला कथा गोविंद राधे।
13रस पिओ और कछु सोचो ना बता दे॥ 7315॥