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Radha Govind Geet Part 1

Jagadguru Shri Kripalu Ji Maharaj

दैन्य माधुरी · पृष्ठ 2

Reading 15 of 516 · Source nos. 7–18 · Source PDF 19

1जीवन जीवन गोविंद राधे।

2जीवनधन घनश्याम हैं बता दे॥ 7 ॥

3जीवन जीवन गोविंद राधे।

4श्याम, श्याम जीवन श्यामा बता दे॥ 8 ॥

5राधे राधे गाये जा गोविंद राधे।

6आँसू बहाये जा जग को भुला दे॥ 9 ॥

7हरि को बुलाये जा गोविंद राधे।

8जग को भुलाये जा जग तोहिं का दे॥ 10 ॥

9नित्य बिहार करें गोविंद राधे।

10ब्रज में या मेरे उर पुर में बता दे॥ 11 ॥

11झूमत अइहैं कब गोविंद राधे।

12श्यामा श्याम मो ढिग गरबँहियाँ दे॥ 12 ॥

13गरबाँहीं दै के आजा गोविंद राधे।

14उर बिच झूला डारि झूला झुला दे॥ 13 ॥

15राधे देखें गोविंद गोविंद राधे।

16हमको भी देखें कोऊ जा केबता दे॥ 14 ॥

17एक वर दे दे राधे गोविंद राधे।

18भूलेहुँ भूलूँ नहिं तोेहिं पल आधे॥ 15 ॥

19तुम भी न भूलो मोहिं गोविंद राधे।

20मैं भी न भूलूँ तोहिं पल छिन आधे॥ 16 ॥

21“मैं तेरी” भूलूँ भी तो गोविंद राधे।

22“तू मेरा” यह कभू ना भुला दे॥ 17 ॥

23दोनों दिव्य चन्द्रमा हैं गोविंद राधे।

24मेरे दोउ नैना चकोर बना दे॥ 18 ॥

Original Hindi couplets from the supplied Part 1 edition, grouped by printed page and chapter. Native verse numbers remain 1–5901; page order is not verse numbering. Supplied edition: Fourth edition, January 2010. Publisher: Radha Govind Samiti, New Delhi.

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